Full Product Description
हो दुरंग हिसिर – आधुनिक हो कविता संग्रह (हिंदी अनुवाद के साथ) झारखंड की हो भाषा के साहित्य को समर्पित एक महत्वपूर्ण काव्य-संग्रह है। इसकी लेखिका डॉ. दमयन्ती सिंकु हैं, जो हो भाषा एवं आदिवासी साहित्य के क्षेत्र में लेखन और शोध कार्य के लिए जानी जाती हैं।
यह पुस्तक हो भाषा की आधुनिक कविताओं को हिंदी अनुवाद के साथ प्रस्तुत करती है। इससे हो भाषा के पाठकों के साथ-साथ हिंदी भाषी पाठकों को भी हो कविता की भावनाओं, साहित्यिक अभिव्यक्ति और सांस्कृतिक संदर्भों को समझने का अवसर मिलता है।
हो भाषा सीखने वालों, क्षेत्रीय भाषा-साहित्य के विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं और झारखंड की आदिवासी साहित्यिक परंपराओं में रुचि रखने वाले पाठकों के लिए यह संग्रह एक उपयोगी साहित्यिक संसाधन है।
Book Details
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| पुस्तक का नाम | हो दुरंग हिसिर |
| उपशीर्षक | आधुनिक हो कविता संग्रह |
| भाषा | हो एवं हिंदी अनुवाद |
| लेखिका | डॉ. दमयन्ती सिंकु |
| प्रकाशक | Jharkhand Jharokha |
| ISBN | 978-93-81720-56-1 |
| MRP | ₹200 |








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